सीमांत क्षेत्र खटीमा में थारू जनजाति की होली के बारे में कम ही लोग जानते हैं. अपने में अनूठी यह होली दो हिस्सों में खेली जाती है. होलिका दहन से पहले और होलिका दहन के बाद.